हिंदू धर्म में गुरु मंत्र को आत्मिक उत्थान का माध्यम माना गया है।

हिंदू धर्म में गुरु मंत्र को आत्मिक उत्थान का माध्यम माना गया है।

हिंदू धर्म में गुरु मंत्र को आत्मिक उत्थान का माध्यम माना गया है।

गुरु मंत्र का जाप दिमाग को शांत करता है और ध्यान को गहरा बनाता है।

गुरु मंत्र जाप प्रातः ब्रह्ममुहूर्त में करना सबसे शुभ माना गया है।

जाप से पहले स्नान करना चाहिए और शुद्ध वस्त्र पहनने चाहिए।

प्रत्येक दिन समान संख्या में मंत्र जपना चाहिए — जैसे 108 बार (एक माला)।

रुद्राक्ष या तुलसी की माला का उपयोग करें, और माला को मध्यमा-अंगूठे से घुमाएं।

गुरु मंत्र तभी सिद्ध होता है जब उसे दीक्षा स्वरूप गुरु से प्राप्त किया गया हो।

इन नियमों के साथ करें गुरु मंत्र का जाप