शनिवार का राशिफल: जानिए अपना भाग्य, भविष्य और वर्तमान में क्या है खास

Rashifal (29 july) Saturday

एस्ट्रोलॉजिकल बर्थ चार्ट के अनुसार ज्योतिष का रहस्यमयी दुनिया में आज हम आपको रूबरू कराने जा रहे है 12 राशियों के राशिफल से। हम भविष्य और वर्तमान के बारे में हम आपको सतर्क करेंगे कि शनिवार को क्या करें और क्या नहीं। आज का भविष्यफल ज्योतिर्विद पं० शशिकान्त पाण्डेय (दैवज्ञ) से जानिए…

*नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।*
*विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।*
*जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत्।।*
 दैनिक राशिफल
*मेष*
नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। मान-सम्मान मिलेगा। कार्यसिद्धि होगी। धनलाभ होगा। योजना फलीभूत होगी।



*वृष*
धर्म-कर्म में रुचि रहेगी। धन प्राप्ति सु्गम होगी। पुराना रोग उभर सकता है। बेचैनी रहेगी। विवाद न करें। प्रतिद्वंद्वी सक्रिय रहेंगे।
*मिथुन*
परिवार के किसी सदस्य के स्वास्थ्य की चिंता रहेगी। वाहन व मशीनरी के प्रयोग में सावधानी रखें। कार्यक्षेत्र में लाभदायी अवसर मिलेंगे।
*कर्क*
परिवार में तनाव रह सकता है। प्रेम-प्रसंग में जोखिम न लें। कानूनी बाधा दूर होगी। धनार्जन होगा। अपने पराक्रम से धन एवं यश प्राप्त करेंगे।
*सिंह*
सुख के साधन जुटेंगे। संपत्ति की खरीद-फरोख्त की योजना बनेगी। उन्नति होगी। चिंता बनी रहेगी। स्वास्थ्य का ध्यान रखें।
*कन्या*
पार्टी व पिकनिक का आनंद मिलेगा। विद्यार्थी वर्ग सफलता हासिल करेगा। धनलाभ होगा। बेचैनी रहेगी। व्यापार-व्यवसाय लाभदायी रहेगा।
pandit shashikant pandey
ज्योतिर्विद पं० शशिकान्त पाण्डेय (दैवज्ञ)

*तुला*

जल्दबाजी से बचें। राजकीय बाधा सामने आएगी। भागदौड़ रहेगी। अपेक्षाकृत कार्यों में अड़चनें होंगी। सत्संग का लाभ मिलेगा।
*वृश्चिक*
लेन-देन में सावधानी रखें। वस्तुएं संभालकर रखें। प्रयास सफल रहेंगे। प्रतिष्ठा बढ़ेगी। लाभ होगा। कोर्ट-कचहरी में अनुकूलता रहेगी।
*धनु*
रोग व चोट से बचें। पुराने मित्र व संबंधी मिलेंगे। शुभ समाचार प्राप्त होंगे। सम्मान मिलेगा। लाभ होगा। घर में शुभ कार्य के आयोजन होंगे।
*मकर*
स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। भेंट व उपहार की प्राप्ति होगी। तनाव रहेगा। कार्यस्थल पर सुधार होगा।



*कुंभ*
फालतू खर्च होगा। विवाद को बढ़ावा न दें। लेन-देन में सावधानी रखें। प्रतिद्वंद्वी शांत रहेंगे। कुसंगति से बचें। मान-सम्मान मिलेगा।
*मीन*
रुका हुआ धन प्राप्त होगा। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। जल्दबाजी न करें। विवादों का समाधान निकलेगा।
*🙏श्री हरि आपका दिन मंगलमय करें🙏*
*🙏🌞💫जय जय श्री राधे💫🌞🙏*
   *💫🔅दैनिक पंचांग व राशिफल*
   *💫🔅 28/10/2017,शनिवार*
  *💫🔅कार्तिक, शुक्ल पक्ष अष्टमी*
  *💫🔅🔅🔅🔅समाप्ति काल*
*तिथि————-अष्टमी16:51:02*   तक
*पक्ष—————————-शुक्ल*
*नक्षत्र————-श्रवण29:02:31*
*योग—————–शूल20:01:41*
*करण—————भाव16:51:02*
*करण————-बालव29:41:06*
*वार————————–शनिवार*
*माह————————–कार्तिक*
*चन्द्र राशि——————— मकर*
*सूर्य राशि———————– तुला*
*रितु निरयन———————शरद*
*रितु सायन———————हेमन्त*
*आयन——————-दक्षिणायण*
*संवत्सर———————हेम्लम्बी*
*संवत्सर (उत्तर)———–साधारण*
*विक्रम संवत—————–2074*
*विक्रम संवत (कर्तक)——-2074*
*शाका संवत——————1939*
वृन्दावन
*सूर्योदय—————–06:28:16*
सूर्यास्त——————17:37:14
दिन काल—————11:08:57
रात्री काल————–12:51:42
चंद्रोदय——————13:14:35
चंद्रास्त——————24:25:28
*लग्न–तुला 10°42′ , 190°42’*
सूर्य नक्षत्र———————स्वाति
चन्द्र नक्षत्र———————श्रवण
नक्षत्र पाया———————-ताम्र
*💫🔅पद, चरण🔅*
खी—-श्रवण 09:19:46
खू—-श्रवण 15:56:15
खे—-श्रवण 22:30:34
खो—-श्रवण 29:02:31
*💫🔅ग्रह गोचर🔅*
*ग्रह =राशी   , अंश  ,नक्षत्र,  पद*
———————————————
सूर्य=कन्या   10 ° 42 ‘  स्वाति ,2 रे
चन्द=मकर 11 ° 54′ श्रवण ‘ 1 खी
बुध=तुला ,22 ° 47′ विशाखा   ‘1 ती
शुक्र=कन्या ’22 ° 57′  हस्त,  4 ठ
मंगल=कन्या09°16 ‘उoफाo  ‘4 पी
गुरु=तुला   09 ° 35′   स्वाति  , 1 रू
शनि=धनु   00 ° 04′   मूल   ‘1 ये
राहू=कर्क 26 ° 22 ‘आश्लेषा ,  3 डे
केतु=मकर   26 ° 22 ‘धनिष्ठा, 1 गा
*💫🔅शुभा$शुभ मुहूर्त🔅*
*👹राहू काल 09:16 – 10:39अशुभ*
यम घंटा 13:26 – 14:50अशुभ
गुली काल 06:28 – 07:52अशुभ
*अभिजित 11:40 -12:25शुभ*
दूर मुहूर्त 07:57 – 08:42अशुभ
*💫🔅चौघड़िया दिन🔅*
काल 06:28 – 07:52अशुभ
शुभ 07:52 – 09:16शुभ
रोग 09:16 – 10:39अशुभ
उद्वेग 10:39 – 12:03अशुभ
चाल 12:03 – 13:26शुभ
अमृत 14:50 – 16:14शुभ
काल 16:14 – 17:37अशुभ
*💫🔅चोघडिया, रात🔅*
लाभ 17:37 – 19:14शुभ
उद्वेग 19:14 – 20:50अशुभ
शुभ 20:50 – 22:27शुभ
अमृत 22:27 – 24:03*शुभ
चाल 24:03* – 25:40*शुभ
रोग 25:40* – 27:16*अशुभ
काल 27:16* – 28:52*अशुभ
लाभ 28:52* – 30:29*शुभ
*💫🔅होरा, दिन🔅*
शनि 06:28 – 07:24
बृहस्पति 07:24 – 08:20
मंगल 08:20 – 09:16
सूर्य 09:16 – 10:11
शुक्र 10:11 – 11:07
बुध 11:07 – 12:03
चन्द्र 12:03 – 12:59
शनि 12:59 – 13:54
बृहस्पति 13:54 – 14:50
मंगल 14:50 – 15:46
सूर्य 15:46 – 16:41
शुक्र 16:41 – 17:37
*💫🔅होरा, रात🔅*
बुध 17:37 – 18:42
चन्द्र 18:42 – 19:46
शनि 19:46 – 20:50
बृहस्पति 20:50 – 21:54
मंगल 21:54 – 22:59
सूर्य 22:59 – 24:03
शुक्र 24:03* – 25:07
बुध 25:07* – 26:12
चन्द्र 26:12* – 27:16
शनि 27:16* – 28:20
बृहस्पति 28:20* – 29:25
मंगल 29:25* – 30:29
*💫नोट*– दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है।
प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है।
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥

रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।
अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।
उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।
लाभ में व्यापार करें ।
रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।
काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।
अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।
*💫🔅दिशा शूल ज्ञान—-पूर्व🔅*
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो लौंग अथवा काला चना खाके यात्रा कर सकते है l

इस मंत्र का उच्चारण करें-:
*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*
*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*
*💫🔅अग्नि वास ज्ञान🔅*
 8 + 7 + 1= 17 ÷ 4 = 1शेष
पाताल पर अग्नि वास हवन के लिए अशुभ कारक है l
 *💫🔅शिव वास एवं फल🔅*
 8 + 8 + 5 = 21 ÷ 7 = 0 शेष
शमशान भूमि = मृत्यु  कारक
*💫🔅विशेष जानकारी🔅*
*श्री गोपाष्टमी महा पर्व (गौ पूजन)
* सर्वार्थ सिद्धि योग 29:02 तक
*गोचारण पोसक में नरवर वेश धारण (श्री राधाबल्लभ जी) वृन्दावन
*💫🔅शुभ विचार🔅*
*मुक्तिमिच्छासि चेत्तात ! विषयान् विषवत्त्यज ।*
*क्षमाऽऽर्जवं दया शौचं सत्यं पीयूषवत्पिब ।।*
।।चा o नी o।।
  तात, यदि तुम जन्म मरण के चक्र से मुक्त होना चाहते हो तो जिन विषयो के पीछे तुम इन्द्रियों की संतुष्टि के लिए भागते फिरते हो उन्हें ऐसे त्याग दो जैसे तुम विष को त्याग देते हो. इन सब को छोड़कर हे तात तितिक्षा, ईमानदारी का आचरण, दया, शुचिता और सत्य इसका अमृत पियो।
*💫🔅सुभाषितानि🔅*
गीता -: मोक्षसन्यास योगअo-18
*अध्येष्यते च य इमं धर्म्यं संवादमावयोः ।,*
*ज्ञानयज्ञेन तेनाहमिष्टः स्यामिति मे मतिः ॥,*
जो पुरुष इस धर्ममय हम दोनों के संवाद रूप गीताशास्त्र को पढ़ेगा, उसके द्वारा भी मैं ज्ञानयज्ञ (गीता अध्याय 4 श्लोक 33 का अर्थ देखना चाहिए।,) से पूजित होऊँगा- ऐसा मेरा मत है॥,70॥,
whatsapp पर रोज एक सच्ची धार्मिक कहानी पढऩे के लिए हमारे नंबर 8224954801 को dharma kathayen के नाम से सेव करें। इसके बाद हमारे नंबर पर start लिखकर whatsapp कर दें…

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