माह-ए-रमजान : जानिए क्या है रमजान का महत्व और रोजे के नियम

latest updates Importance of ramadan and islamic legal rules of fasting

भोपाल. रमजान 2017 : पाक महीने रमजान की शुरुआत 27 या 28 मई से होगी। अगर चांद 26 मई को देखा गया, तो रमजान 27 मई से शुरू मना जाएगा। धार्मिक मान्यता के अनुसार रमजान का मतलब होता है प्रखर। रमजान इस्लाम कैलेंडर का नौवां महीना होता है।माना जाता है कि सन् 610 में लेयलत उल-कद्र के मौके पर मुहम्मद साहब को कुरान शरीफ के बारे में पता चला था। बस उसी समय से रमजान के इस माह को एक पवित्र महीने के तौर पर मनाया जाने लगा। रमजान के दौरान

इस पेड़ का फल खाने से किन्नर हो गई थी गर्भवती

khawaja mainuddin dargah

अजमेर. राजस्थान की अजमेर शरीफ दरगाह विश्वभर में प्रसिद्ध हैं। अजमेर शरीफ के नाम से इस दरगाह में हजरत ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती की मजार है। इस दरगाह के चमत्कार इतने ख्यात हैं कि यहां केवल मुस्लिम ही नहीं बल्कि दुनियाभर से हर धर्म के लोग खिंचे चले आते हैं। ख्वाजा के इस शहर में एक और दरगाह मश्हूर है मीरां सैयद हुसैन खिंगसवार की। दरगाह परिसर में करीश्माई लाल बंदी का पेड़ है। यह पेड़ इतना चमत्कारी है, कि यहां लोगों अपने-आप ही खिंचे चले आते हैं। इस पेड़ के बारे में कहा जाता हैं कि इसके

शिर्डी वाले सांई बाबा के चमत्कार की सच्ची कहानी

sri shirdi sai baba

शिर्डी. प्राचीन काल से ही हमारा देश साधु-संतों और पीर-फकीरों का देश हैं। हमारे देश के लोगों में संतों के प्रति बहुत आदर और सम्मान का भाव रहता है। कुछ संतों के चमत्कार बेहद अद्भुत होते हैं, जिनकी कृपा से भक्तों के सभी दुख-दर्द दूर हो जाते हैं। ऐसे ही संतों में से एक है शिर्डी के सांई बाबा। शिर्डी के सांई बाबा की शरण से आजतक किसी की झोली खाली नहीं लौटी। इनके दरबार में क्या अमीर और क्या गरीब, हर कोई सांई के दरबार में हंसी खुशी ही लौटा हैं। सांईबाबा का नाम सुनते ही

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